जिंदगी 30 की उम्र में Life at 30

Life lessons – जिंदगी की शुरुआत 30 की उम्र में होती है

Advertisement

भारत देश में जीवन प्रत्याशा 2017 के आंकड़ों के अनुसार लगभग 69 साल है, नतीज़तन 30 वर्ष की उम्र में इंसान लगभग अपनी आधी जिंदगी पूरी कर चुका होता है। आइए जानते हैं वो कौन से काम हैं जो एक इंसान को 30 साल की उम्र तक कर लेने चाहिए जिससे कि उसको कोई पछतावा ना रहे।

व्यक्तिगत फैसले

  • अगर आप शादी करने के इच्छुक हैं तो आपको शादी कर लेनी चाहिए या ऐसा जीवन साथी चुन लेना चाहिए जिससे आप शादी करने वाले हैं।
  • आप को 30 की उम्र तक आते-आते इतना लायक और योग्य हो जाना चाहिए कि आप अपने लिए और अपने परिवार के लिए खुद फैसले लेने की स्थिति में हों।
  • आपके और आपके परिवार के लिए जो फैसले या संघर्ष आप खुद कर सकते हो उसकी उम्मीद या अपेक्षा किसी दूसरे से बिल्कुल नहीं करनी चाहिए और इस उम्र में आपको इन सब चीजों के लिए तैयार रहना चाहिए।
  • आपको अपने परिवार और रिश्तेदारों का चुनाव कर लेना चाहिए, जिनके साथ आप अपनी बाकी जिंदगी गुजारने वाले हैं। वह परिवार के मेंबर या रिश्तेदार ऐसे हो जिनके विचार आप से मेल खाते हैं तथा जो आपकी पीठ पीछे बुराई ना करके आपके अच्छे बुरे में मानसिक और आर्थिक तौर पर आपकी मदद करते हो।
  • परिवार और रिश्तेदारों का चयन करते समय सबसे जरूरी चीज आपके विचारों का मेल खाना होता है। क्योंकि 30 की उम्र में हम अपने फैसले खुद करने लगते हैं जिससे बहुत सारे रिश्तेदार तथा परिवार के सदस्यों को यह चीज पसंद नहीं आती और वह आपसे अंदर ही अंदर मनमुटाव रखने लग जाते हैं जो शायद आपको बचपन में सबसे प्यारे लगते होंगे।
  • आपको अपने परिवार के साथ ज्यादा से ज्यादा समय व्यतीत करने की कोशिश करनी चाहिए क्योंकि दुनिया की मुसीबतों से आपके मन को विचलित कर सकती हैं जिससे आप नकारात्मक सोच कर शिकार हो सकते हैं। परिवार से मिलकर आप खुशी तथा सुरक्षा का अनुभव करते हैं आप में एक नई ऊर्जा का संचार होता है।
  • 30 की उम्र तक आपको अपने दोस्तों का भी चयन कर लेना चाहिए। रिश्तेदारों की तरह दोस्तों का चयन करते समय भी आपके विचारों का मिलन बहुत जरूरी है। अगर आप किसी ऐसी दोस्ती में हो जहां आपके बीच विरोध ज्यादा और विचार विमर्श कम ऑन कम होता है तो जल्दी से जल्दी ऐसी रिलेशनशिप से हमें बाहर निकल जाना चाहिए।

शारीरिक फैसले

  • इस उमर में शरीर की बनावट तथा नया निर्माण कम होने लगता है जिसकी वजह से हमारे स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव पड़ता है इसलिए खानपान में विशेष सावधानी की जरूरत होती है
  • हमारे स्वास्थ्य को ठीक रखने के लिए हमारी कोई ऐसी आदत होनी चाहिए जिससे हमारे शरीर का अभ्यास हो सके चाहे वह कोई खेल हो या पैदल चलने की कोई आदत।
  • इस उम्र में आकर हमें यह समझ में आने लगता है कि शारीरिक सुंदरता से ज्यादा जरूरी मानसिक सुंदरता है। इसलिए हमें सकारात्मक विचारों से अपने मन को शुद्ध को करना है तथा नकारात्मक से बचाव करना है।
  • मनोस्थिति को सकारात्मक रखने के लिए हमे ऐसे लोगों के साथ ही उठना बैठना चाहिए जो हमे कुछ अच्छा करने के लिए प्रेरित करते हों। नकारात्मक विचारों वाले लोग हमारे स्वास्थ्य और जीवन पर प्रतिकूल असर डालते हैं।

भावनाओं पर नियंत्रण कैसे करें?

व्यवसायिक फैसले

  • 30 की उम्र तक हमारे पास कमाई का कोई साधन होना चाहिए चाहे वह कोई नौकरी व्यवसाय या हमारा कोई विशेष कौशल हो।
  • हमें अपने जीवन में अपने आगे के रास्ते का चयन भी कर लेना चाहिए। क्योंकि बार-बार व्यवसाय बदलने से हम एक भंवर में फंस कर रह जाते हैं तथा किसी अच्छी स्थिति में नहीं पहुंच पाते।
  • यह व्यवसाय ऐसा होना चाहिए जिसमें काम करना हमें पसंद हो तथा जो हमें प्रेरित करता हो। उदाहरण के लिए अगर आप हर रोज वो काम करने से पहले नकारात्मक होते हो तो वह व्यवसाय आपके लिए नहीं बना है। इसलिए 30 की उम्र तक आते-आते आपको अनुभवों से सीख कर अपने लिए एक प्रेरणादायक और लाभदायक व्यवसाय का चयन कर लेना चाहिए।
  • इस उमर में आपको जीवन बीमा भी करा लेना चाहिए जिसके किसी अप्रिय दुर्घटना की स्थिति में आपके परिवार को आर्थिक तौर पर किसी परेशानी का सामना ना करना पड़े तथा उनकी रोजमर्रा की जिंदगी की जरूरतें बिना किसी कठिनाई के पूरी हो सकें।
  • इस उमर में आपके पास करने के लिए बहुत ज्यादा काम होते हैं इसलिए यह बहुत जरूरी है की सिर्फ जरूरी कामों का चयन किया जाए तथा फालतू के कामों को छोड़ देना चाहिये।
  • हमें बचत करने की आदत और अपने पैसे को बढ़ाने के तौर-तरीकों का भी ज्ञान होना चाहिए।

जीवन में जल्दी सीखने वाली बातें

पैसे कमाने व बढ़ाने के तरीकों के बारे में जानने के लिए ये पढें।

सामाजिक जीवन

  • इंसान एक सामाजिक प्राणी है समाज से कटकर अलग होकर उसका कोई वजूद नहीं है इसलिए हमें समाज के प्रति भी अपनी जिम्मेदारियों को निभाना शुरू कर देना चाहिए जिससे कि हम एक सकारात्मक परिवर्तन का हिस्सा बन सकें।
  • अपने बच्चों को अच्छी शिक्षा देना तथा उनको समाज के प्रति जिम्मेदार बनाना भी सामाजिक सेवा का एक हिस्सा होता है ऐसा करके आप समाज में एक सकारात्मक और जिम्मेदार नागरिक को भेज रहे होते हैं।
  • मैं अपने आसपास गंदगी को इकट्ठा नहीं होने देना चाहिए तथा ऐसे समाज की भलाई के कामों में हाथ बटाना चाहिए।
  • हमें अच्छे हैं कर्मठ लोगों को चुनाव में वोट देना चाहिए जो आगे चलकर समाज में विकास कार्यों को आगे बढ़ा सकें।

Comments

  1. Hi there, I do believe your site may be having browser compatibility problems.
    Whenever I take a look at your site in Safari, it looks
    fine but when opening in Internet Explorer, it’s got some overlapping issues.
    I merely wanted to provide you with a quick heads up! Apart
    from that, excellent blog!

  2. What i don’t understood is in truth how you’re no longer really much more neatly-liked than you might
    be right now. You’re very intelligent. You know therefore significantly on the subject of this topic, made me individually consider it from numerous numerous angles.
    Its like women and men aren’t fascinated unless it is something
    to accomplish with Girl gaga! Your personal stuffs excellent.
    All the time maintain it up!

Leave a Reply

Your email address will not be published.